♏︎वृश्चिक राशिफल आज का
सोमवार, 12 अक्तूबर 2026 · Scorpio · मंगल
गणना से, छपे हुए स्तंभ से नहीं
नीचे की हर संख्या इस बात से निकली है कि ग्रह इस समय वास्तव में कहाँ हैं — निरयन (लाहिरी) — और वह वृश्चिक से कौन-सा भाव बनता है। फल शास्त्रीय गोचर फल तालिका से आते हैं।
आज का गोचर अंक
46/100
चुनौतीपूर्ण
9 में से 3 ग्रह ऐसे भाव में हैं जिसे शास्त्रीय गोचर आपकी राशि से शुभ कहता है। 50 का अर्थ है औसत राशि का औसत दिन, कोई सिक्का उछाल नहीं।
आज का चंद्र बल
चंद्र आपकी चंद्र राशि से बारहवें भाव में हैं — व्यय, विदेश, एकांत।
चौथा, आठवाँ और बारहवाँ चंद्र के निर्बल भाव हैं। आज चंद्र बल कम है — जो टल सकता है उसे टाल दें।
चंद्र किस समय किस भाव में
- पूरे दिन बारहवें भाव (व्यय, विदेश, एकांत) · तुला
संक्रमण समय भारतीय मानक समय में, मिनट तक। दिन सूर्योदय से गिना जाता है, जैसे पंचांग में।
आपकी राशि के स्वामी
मंगल आपकी राशि के स्वामी हैं, और आज वे कर्क में हैं — आपके नौवें भाव में।
आज का वार
आज चंद्र का दिन है, और वे आपकी राशि के स्वामी मंगल के प्रति सम हैं। दिन तटस्थ है — परिणाम आपके अपने प्रयास से तय होगा।
इस समय हर ग्रह का वृश्चिक से भाव
आकाश एक ही; उसके गिरने के भाव बारह अलग।
| ग्रह | राशि में | आपसे भाव | प्रभावित क्षेत्र | गोचर फल |
|---|---|---|---|---|
| ☉सूर्य | कन्या | 11 | लाभ, नेटवर्क, बड़े भाई-बहन | शुभ |
| ☽चंद्र | तुला | 12 | व्यय, विदेश, एकांत | अशुभ |
| ♂मंगल | कर्क | 9 | भाग्य, पिता, धर्म, लंबी यात्रा | अशुभ |
| ☿बुध | तुला | 12 | व्यय, विदेश, एकांत | अशुभ |
| ♃गुरु | कर्क | 9 | भाग्य, पिता, धर्म, लंबी यात्रा | शुभ |
| ♀शुक्र(वक्री) | तुला | 12 | व्यय, विदेश, एकांत | शुभ |
| ♄शनि(वक्री) | मीन | 5 | संतान, विद्या, प्रेम | अशुभ |
| ☊राहु(वक्री) | कुंभ | 4 | घर, माता, मानसिक शांति | अशुभ |
| ☋केतु(वक्री) | सिंह | 10 | करियर, प्रतिष्ठा, कर्मक्षेत्र | अशुभ |
वृश्चिक से आपके बारह भाव, और हर भाव का स्वामी कहाँ
इस पृष्ठ की वह अकेली तालिका जिसमें शेष ग्यारह राशियों से कुछ भी साझा नहीं है: भाव वही राशिचक्र हैं, बस आपकी राशि से घुमाकर। जिस भाव का स्वामी शुभ भाव में बैठा है वह चिह्नित है।
| भाव | राशि में | प्रभावित क्षेत्र | स्वामी | स्वामी अभी |
|---|---|---|---|---|
| 1 | वृश्चिक | शरीर, स्वयं, आपकी उपस्थिति | मंगल | कर्क · आपके नौवें |
| 2 | धनु | धन, परिवार, वाणी | गुरु | कर्क · आपके नौवें |
| 3 | मकर | साहस, भाई-बहन, छोटी यात्रा | शनि(वक्री) | मीन · आपके पाँचवें |
| 4 | कुंभ | घर, माता, मानसिक शांति | शनि(वक्री) | मीन · आपके पाँचवें |
| 5 | मीन | संतान, विद्या, प्रेम | गुरु | कर्क · आपके नौवें |
| 6 | मेष | ऋण, शत्रु, स्वास्थ्य, सेवा | मंगल | कर्क · आपके नौवें |
| 7 | वृषभ | विवाह, साझेदारी, अनुबंध | शुक्र(वक्री) | तुला · आपके बारहवें |
| 8 | मिथुन | आकस्मिक परिवर्तन, उत्तराधिकार, शोध | बुध | तुला · आपके बारहवें |
| 9 | कर्क | भाग्य, पिता, धर्म, लंबी यात्रा | चंद्र | तुला · आपके बारहवें |
| 10 | सिंह | करियर, प्रतिष्ठा, कर्मक्षेत्र | सूर्य | कन्या · आपके ग्यारहवें |
| 11 | कन्या | लाभ, नेटवर्क, बड़े भाई-बहन | बुध | तुला · आपके बारहवें |
| 12 | तुला | व्यय, विदेश, एकांत | शुक्र(वक्री) | तुला · आपके बारहवें |
वृश्चिक के लिए आगे के सात दिन
चंद्र सप्ताह भर में तीन-चार भाव चलते हैं। ये वही भाव हैं जो आपकी राशि से बनते हैं, और साथ में बदलने का मिनट।
| दिन | चंद्र का भाव | प्रभावित क्षेत्र | बदलाव | अंक |
|---|---|---|---|---|
| 12 अक्तूबर · सोमवार | 12 | व्यय, विदेश, एकांत | — | 46 |
| 13 अक्तूबर · मंगलवार | 12 | व्यय, विदेश, एकांत | 19:12 → 1 | 50 |
| 14 अक्तूबर · बुधवार | 1 | शरीर, स्वयं, आपकी उपस्थिति | — | 60 |
| 15 अक्तूबर · गुरुवार | 1 | शरीर, स्वयं, आपकी उपस्थिति | — | 64 |
| 16 अक्तूबर · शुक्रवार | 1 | शरीर, स्वयं, आपकी उपस्थिति | 06:47 → 2 | 60 |
| 17 अक्तूबर · शनिवार | 2 | धन, परिवार, वाणी | — | 42 |
| 18 अक्तूबर · रविवार | 2 | धन, परिवार, वाणी | 19:33 → 3 | 43 |
आपके लिए आगे क्या बदलता है
- आपकी चंद्र वापसी — चंद्र 13 अक्तूबर 2026 को 19:12 बजे आपकी अपनी राशि में लौटते हैं, अर्थात लगभग सवा दो दिन आपके प्रथम भाव में।
- सूर्य 17 अक्तूबर 2026 को तुला में प्रवेश करते हैं, अर्थात आपके बारहवें भाव में — व्यय, विदेश, एकांत।
- अगला धीमा परिवर्तन: गुरु 31 अक्तूबर 2026 को सिंह में प्रवेश करते हैं, आपका दसवें भाव — करियर, प्रतिष्ठा, कर्मक्षेत्र। आपके आकाश में इससे धीमा और इससे महत्वपूर्ण कुछ नहीं चलता।
लोग वास्तव में क्या पूछते हैं
क्या आज का दिन वृश्चिक राशि के लिए शुभ है?
आज नौ में से 3 ग्रह ऐसे भावों में हैं जिन्हें शास्त्रीय गोचर वृश्चिक से शुभ कहता है, जिससे दिन 100 में से 46 पर बैठता है। चंद्र — जिस ग्रह पर दैनिक फल वास्तव में टिकता है — आपके बारहवें भाव में हैं।
चंद्र बल क्या है, और क्या आज मेरे साथ है?
चंद्र बल अर्थात आपकी अपनी चंद्र राशि से गिनकर चंद्र का बल। यह पहले, तीसरे, छठे, सातवें, दसवें और ग्यारहवें भाव में शुभ होता है तथा चौथे, आठवें और बारहवें में निर्बल। आज चंद्र वृश्चिक से आपके बारहवें भाव में हैं।
यह समाचार पत्र के राशिफल से अलग क्यों है?
छपे हुए स्तंभ रात में एक बार लिखकर सब जगह दोहरा दिए जाते हैं; उनमें कुछ गणना नहीं होती, इसलिए कुछ जाँचा भी नहीं जा सकता। यहाँ चंद्र वृश्चिक के बारहवें भाव में हैं और नौ में से 3 ग्रह शुभ स्थिति में — यह किसी भी पंचांग से मिलाया जा सकता है।
इसे सूर्य राशि से पढ़ें या चंद्र राशि से?
चंद्र राशि से — गोचर जन्म राशि से गिना जाता है, अर्थात जन्म के समय चंद्र जहाँ थे। यह पृष्ठ वृश्चिक को वही राशि मानकर चलता है, इसलिए इसका प्रथम भाव वृश्चिक है और सप्तम भाव उसके सामने की राशि। निःशुल्क कुंडली एक मिनट में असली राशि बता देगी।
इसी राशि के अन्य फल
शेष ग्यारह राशियाँ
यह वृश्चिक का फल है। यह आपका अपना फल नहीं है।
आपकी अपनी कुंडली में लग्न, नक्षत्र और चलती हुई दशा है, जो उस बारहवें हिस्से में किसी और की नहीं। जन्म विवरण भरिए और यही गणना उन पर चलेगी।