भरणी — कृत्तिका नक्षत्र मिलान
भरणी नक्षत्र और कृत्तिका नक्षत्र को अष्टकूट पद्धति में 36 में से 29 अंक मिलते हैं (81%) — उत्तम मेल। आठ में सबसे मज़बूत नाड़ी कूट है। भरणी नक्षत्र से कृत्तिका दूसरा नक्षत्र है।
29
अंक / 36
प्रतिशत: 81%
विवाह के लिए पारंपरिक सीमा 18/36
क्या यह 29/36 आप पर भी लागू होता है?
यह पृष्ठ केवल भरणी — कृत्तिका नक्षत्रों से गिना गया है। गण कूट यहाँ 1/6 है — वह आपकी अपनी कुंडली में कैसे बैठता है, यह आपके जन्म विवरण ही बताएँगे। पहला अध्याय मुफ़्त।
दोनों नक्षत्रों का विवरण
| भरणी | कृत्तिका | |
|---|---|---|
| स्वामी ग्रह | शुक्र | सूर्य |
| राशि | मेष | मेष/वृषभ |
| गण | मनुष्य | राक्षस |
| योनि | गज | मेष |
| नाड़ी | मध्य | अन्त्य |
| तत्व | अग्नि | अग्नि |
| देवता | यम | अग्नि |
| प्रतीक | योनि | उस्तरा/लौ |
| राशि विस्तार | 13°20' – 26°40' | 26°40' – 40°00' |
आठ कूट — अंकों का विवरण
| अंक / 36 | भरणी | कृत्तिका |
|---|---|---|
1/1वर्ण कूट पूरे अंक | अग्नि | अग्नि |
2/2वश्य कूट पूरे अंक | मेष | मेष/वृषभ |
3/3तारा (दिन) कूट पूरे अंक | दूसरा | 27वाँ |
2/4योनि कूट आंशिक | गज | मेष |
5/5ग्रह मैत्री (राशि स्वामी) पूरे अंक | मंगल | मंगल |
1/6गण कूट कम | मनुष्य | राक्षस |
7/7भकूट (राशि) कूट पूरे अंक | पहली | पहली |
8/8नाड़ी कूट पूरे अंक | मध्य | अन्त्य |
अष्टकूट से बाहर के पाँच मिलान
अष्टकूट के आठ कूट ऊपर हैं। शास्त्र में इनके अलावा भी कुछ जाँच होती हैं, जो केवल दोनों नक्षत्रों की गिनती से निकलती हैं — वे पाँच यहाँ हैं।
ऊरु — उदर, अलग रज्जु।
भरणी का वेध अनुराधा है; कृत्तिका नहीं।
कृत्तिका नक्षत्र से भरणी 27वाँ है। 4, 7, 10, 13, 16, 19, 22, 25 में से कोई हो तो महेंद्र माना जाता है।
सात से अधिक का अंतर चाहिए; यहाँ 27 है।
दोनों नक्षत्रों का लिंग एक ही है।
इस मेल को क्या तय करता है
स्वभाव और रोज़मर्रा का जीवन
मनुष्य — राक्षस गण, 1/6। अलग स्वभाव; बदलने के बजाय स्वीकारना काम आता है।
मन और निर्णय
राशि स्वामी मंगल — मंगल, मैत्री, 5/5। पैसे और काम के निर्णय आसानी से बनते हैं।
शरीर, स्वास्थ्य और संतान
नाड़ी मध्य — अन्त्य, योनि गज — मेष। इस स्तर पर अलग उपाय की ज़रूरत नहीं।
दोनों नक्षत्र किसका प्रतिनिधित्व करते हैं
भरणी: स्वामी शुक्र, देवता यम, प्रतीक योनि, मनुष्य गण, मेष राशि। कृत्तिका: स्वामी सूर्य, देवता अग्नि, प्रतीक उस्तरा/लौ, राक्षस गण, मेष/वृषभ राशि।
दोनों नक्षत्रों की अपनी सूची में यह जोड़ा
भरणी नक्षत्र के 26 संभावित साथियों में कृत्तिका दूसरा स्थान पर है; भरणी के लिए सबसे अधिक अश्विनी (33/36), सबसे कम चित्रा (7.5/36), 18 से ऊपर 19 नक्षत्र। कृत्तिका के 26 में भरणी पहला स्थान पर; कृत्तिका के लिए सबसे अधिक भरणी (29/36), सबसे कम रेवती (8.5/36), 18 से ऊपर 15।
नक्षत्रों का क्रम और यह पृष्ठ
भरणी नक्षत्र को कन्या का मानकर गिना गया है। क्रम बदलने पर भी 29/36 वही — आठ में सात कूट क्रम नहीं देखते, वर्ण भी यहाँ नहीं बदलता।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
भरणी — कृत्तिका मिलान में कितने अंक हैं?+
36 में से 29 (81%) — उत्तम मेल। यह पारंपरिक सीमा 18 से ऊपर है।
इस जोड़े में कौन-सा कूट कम पड़ रहा है?+
गण कूट — 1/6। सबसे अधिक नाड़ी कूट — 8/8।
भरणी — कृत्तिका के बीच कितने नक्षत्र का अंतर है?+
भरणी नक्षत्र से कृत्तिका दूसरा; कृत्तिका नक्षत्र से भरणी 27वाँ। राशि के स्तर पर पहली — पहली।
क्या इन्हीं अंकों के आधार पर निर्णय लिया जा सकता है?+
नहीं। रज्जु, वेध, मांगलिक दोष और दशा — ये दोनों की पूरी कुंडली में ही दिखते हैं। इसे पहली जाँच मानिए।